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सोनिया जी NEET/JEE का विरोध करने पहले राजस्थान में तो अपनी सरकार को परीक्षा कराने से रोकिए

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कोरोना काल में छात्रों की परीक्षाओं को लेकर कांग्रेस पार्टी दोगली बातें कर रही है। एक तरफ तो कांग्रेस पार्टी की अध्यक्ष सोनिया गांधी देशभर में NEET/JEE की परीक्षा का विरोध कर रही हैं, राज्य सरकार को इस मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट जाने को लेकर भड़का रही है। वहीं दूसरी तरफ उन्हीं की पार्टी की सरकार राजस्थान में चार दिन बाद पूरे प्रदेश में 7 लाख परीक्षार्थियों के लिए टीचर ट्रेनिंग कोर्स की परीक्षा का आयोजन करने जा रही है। ऐसे में लोग कह रहे हैं कि सोनिया गांधी नीट-जेईई का विरोध करने से पहले कांग्रेस शासित राज्य में लाखों छात्रों की परीक्षा स्थगित करने से क्यों नहीं रोकती हैं।

बताया जा रहा है कि राजस्थान की अशोक गहलोत सरकार ने करीब सात लाख छात्रों को 31 अगस्त की होने वाली बेसिक एलिमेंट्री एजुकेशन ट्रेनिंग की परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी कर दिया है। इतना ही नहीं राज्य में सितंबर में फॉरेस्ट रेंजर और फॉरेस्ट कंजरवेटर के लिए डेढ़ लाख से ज्यादा लोगों की परीक्षा 7 दिनों तक आयोजित कराने की तैयारी की जा रही है।

राजस्थान में कांग्रेस पार्टी की इस दोगली राजनीति को लेकर छात्रों में खासा रोष है। सोशल मीडिया पर राजस्थान के छात्रों ने भी सरकार से इन परीक्षाओं को टालने के लिए कैंपेन चला रखा है। हैरत की बात यह है कि राजस्थान की कांग्रेस सरकार नीट और जेईई परीक्षा स्थगित करने के छात्रों की मांग को लेकर समर्थन कर रही है पर राजस्थान लोक सेवा आयोग के तहत होने वाली परीक्षाओं को लेकर राज्य सरकार परीक्षा कराने पर अड़ी हुई है।

बताया जा रहा है कि बेसिक एलिमेंट्री ट्रेनिंग एजुकेशन की परीक्षा जिसे प्री-डीलेड के नाम से जाना जाता है। उसके लिए राजस्थान के प्रारंभिक शिक्षा विभाग ने विज्ञप्ति जारी की है कि हर सूरत में 31 तारीख को दोपहर 2 बजे से लेकर शाम 5 बजे तक राजस्थान के 33 जिलों में परीक्षा आयोजित की जाएगी। परीक्षार्थी किसी भी तरह के भ्रम में नहीं रहे और परीक्षा के लिए हाजिर हो।

इसी तरह से राजस्थान लोक सेवा आयोग ने फॉरेस्ट कंजरवेटर और फॉरेस्ट रेंजर पोस्ट के लिए 240 पद निकाले हैं। इसके लिए 20 सितंबर से लेकर 28 सितंबर तक करीब डेढ़ लाख परीक्षार्थी और परीक्षक राज्य के अलग-अलग परीक्षा केंद्रों पर उपस्थित होंगे।

छात्रों ने सोशल मीडिया पर मुहिम चला रखी है कि जब तक कोरोना के मामले कम नहीं हो रहे हैं तब तक इन परीक्षाओं को स्थगित कर दिया जाए।

कांग्रेस पार्टी के इस डबल स्टैंडर्ड को लेकर सोशल मीडिया पर लोग कांग्रेस नेताओं की जमकर लताड़ लगा रहे हैं।

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