Home केजरीवाल विशेष केजरीवाल के करीबी दिल्ली अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष जफरुल इस्लाम ने रची...

केजरीवाल के करीबी दिल्ली अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष जफरुल इस्लाम ने रची भारत को बदनाम करने की साजिश!

2144
SHARE

दिल्ली के विवादित मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के बेहद करीबी और दिल्ली अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष जफरूल इस्लाम खान ने पूरी दुनिया में भारत को बदनाम करने की साजिश रची है। भारत और मोदी सरकार को बदनाम करने के लिए जभरुल इस्लाम देशद्रोह पर उतर आए हैं और उन्होंने भारत व यहां के लोगों को ही धमकी दे दी है। जफरूल इस्लाम ने भारत और यहां रहने वाले हिन्दुओं समेत बाकी सभी धर्म के लोगों को धमकी देते हुए लिखा है कि जिस दिन भारत के मुसलमान अपने खिलाफ जुल्म की शिकायत अरब और मुस्लिम देशों से कर देंगे, उस दिन जलजला आ जाएगा। उन्होंने अपनी इस हरकत से भारत और कुवैत के संबंधों को भी खराब करने की कोशिश की है।

फर्जी ट्वीट्स को आधार बनाकर रची साजिश
दरअसल पिछले कई दिनों से कुवैत की सरकार की तरफ से सोशल मीडिया पर फर्जी ट्वीट फैलाए जा रहे हैं कि वहां की सरकार भारत में मुसलमानों के साथ भेदभाव से काफी नाराज है। हालांकि कुवैत की सरकार और भारत का विदेश मंत्रालय इन सभी ट्वीट्स को फर्जी बता चुका है।

लेकिन दिल्ली अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष ने इन फर्जी ट्वीट को माध्यम बनाकर भारत सरकार को ही बदनाम करने की साजिश रच डाली। जफरुल इस्लाम ने कुवैत को एक पत्र लिख दिया, भारत के मुसलमानों को लेकर जताई गई चिंता के लिए उसका धन्यवाद कहा। जफरुल इस्लाम यहीं नहीं रुके, उन्होंने लगे हाथ अपनी मन की बात लिख दी कि अगर भारत के मुसलमानों ने अपनी दुर्दशा की शिकायत अरब और मुस्लिम देशों से कर दी तो जलजला आ जाएगा। जफरुल ने अपने पत्र में जाकिर हुसैन जैसे आतंकवादी को मुसलमानों का आइकन बताया है

भाजपा ने जताया सख्त ऐतराज
जफरुल इस्लाम खान की इस देशद्रोही हरकत की वजह से राजनीति में भूचाल आ गया है। भारतीय जनता पार्टी ने जफरुल इस्लाम की हरकत पर सख्त ऐतराज जताया है। जाहिर है कि मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनकी पार्टी के लोग झूठे आरोपों के जरिए मोदी सरकार को बदनाम करने की साजिश रचते रहते हैं। जफरुल इस्लाम का यह पत्र भी इसी साजिश का ही नतीजा है।

केजरीवार सरकार की इस हरकत के लिए सोशल मीडिया पर लोग जमकर लानत-मलानत कर रहे हैं और कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

Leave a Reply