Home समाचार कांग्रेस, आजतक, लल्लन टॉप और मृणाल पांडे ने पीएम मोदी को लेकर...

कांग्रेस, आजतक, लल्लन टॉप और मृणाल पांडे ने पीएम मोदी को लेकर फैलायी झूठी खबरें, गलती का एहसास होने पर लल्लन टॉप ने मांगी माफी

251
SHARE

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को ‘परीक्षा पे चर्चा 2021’ कार्यक्रम के तहत वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से दुनिया भर के छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों से संवाद किया। इस दौरान परीक्षा और पढ़ाई को लेकर प्रधानमंत्री मोदी ने कई महत्वपूर्ण टिप्स दिए। इनमें से एक टिप्स को लेकर कांग्रेस, मृणाल पांडे, आजतक और लल्लन टॉप ने झूठी खबरें फैलायीं। कहा गया कि प्रधानमंत्री मोदी ने छात्रों को सुझाव दिया है कि परीक्षा में कठिन प्रश्न पहले हल करें, सरल सवाल बाद में। असल में ये बात ग़लत तरीके से पेश की गई।

कांग्रेस फेक न्यूज की फैक्ट्री है। इसके प्रवक्ता प्रधानमंत्री मोदी को लेकर अक्सर फेक न्यूज फैलाते रहते हैं। फिर कांग्रेस के प्रवक्ता पवन खेड़ा ने ट्वीट के माध्यम से प्रधानमंत्री मोदी के बयान को तोड़-मरोड़कर पेश किया। उन्होंने लिखा, ” बच्चों, ऐसी गलत सलाह पर ध्यान देकर अपना नुकसान ना कर बैठना। कठिन प्रश्न पहले करने में यदि फंस गए तो समय बर्बाद होगा व हाथ पांव फूलने लगेंगे कि आसान प्रश्नों को हल करने का समय कहीं चला ही जाए। आसान प्रश्न करके बचे हुए समय में कॉन्फिडेंस से कठिन प्रश्नों को हैंडल किया जाता है।”

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रति कांग्रेसपरस्त बुद्धिजीवी और नेशनल हेराल्ड की संपादक मृणाल पांडे की नफ़रत किसी से छुपी नहीं है। मौका मिलते ही उनके भीतर का नफरत सामने आ जाता है। वो भी झूठी खबर की इस अंधी दौड़ में शामिल हो गई और छात्रों को ट्वीट के माध्यम से उपदेश देने लगी। उन्होंने लिखा, “सरल पहले, ताकि हिम्मत बनी रहे और जांचने वाले परीक्षक को भी शुरुआत प्रभावी लगे। कठिन सवाल सदा बाद में करें, ताकि शेष समय और अकल (जितनी हो) का इस्तेमाल ठंडे दिमाग से सवालों के सही जवाब तलाशने में किया जा सके।”

उधर कुछ मीडिया हाउस ने भी गलत खबरें प्रकाशित कर छात्रों को गलत मैसेज देने की कोशिश की। आजतक ने खबर को समझे बिना एक एजेंडे के तहत प्रधानमंत्री मोदी को बयान को लेकर ट्वीट कर दिया। उसने लिखा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने परीक्षार्थियों को कठिन प्रश्नों को पहले हल करने की सलाह दी। प्रधानमंत्री मोदी ने खुद के उदाहरण से समझाया।

इस झूठी खबर को फैलाने में लल्लन टॉप भी पीछे नहीं रहा। लल्लन टॉप ने ग़लत जानकारी के आधार पर ट्विटर पर एक पोल किया। उसने ट्वीट किया, “पीएम ने परीक्षार्थियों को परीक्षा में पहले कठिन प्रश्नों को हल करने का सुझाव दिया है। आप परीक्षा में पहले कौन से सवाल हल करने की रणनीति अपनाते थे/ हैं?”

जब लल्लन टॉप को अपनी गलती का एहसास हुआ तो उसने तुरंत ट्वीट को हटा लिया और इस गलती के लिए माफी मांगी। लल्लन टॉप ने सफाई देते हुए लिखा, “असल में ये बात ग़लत तरीके से पेश की गई। इसका शिकार दी लल्लनटॉप भी बना, हमने ट्विटर पर इसी ग़लत जानकारी के आधार पर एक पोल किया था, जिसे ग़लती का पता लगते ही हटा लिया गया। इसके लिए हम क्षमाप्रार्थी हैं।”

दरअसल प्रधानमंत्री मोदी ने कठिन और सरल सवालों की बात परीक्षा नहीं, पढ़ाई के संदर्भ में कही थी। प्रधानमंत्री ने असल में क्या कहा था, वो आगे पढ़िए…

साथियों,

आपने देखा होगा टीचर्स, माता-पिता हमें सिखाते हैं कि जो सरल है वो पहले करें। ये आमतौर पर कहा जाता है। और Exam में तो ख़ासतौर पर बार-बार कहा जाता है कि जो सरल है उसको पहले करो भाई। जब टाइम बचेगा तब वो कठिन है उसको हाथ लगाना। लेकिन पढ़ाई को लेकर मैं समझता हूं, ये सलाह आवश्यक नहीं है। और उपयोग भी नहीं है। मैं जरा इस चीज को अलग नजरिए से देखता हूं।

मैं कहता हूं कि जब पढ़ाई की बात हो, तो कठिन जो है उसको पहले लीजिए, आपका mind fresh है, आप ख़ुद fresh हैं, उसको attend करने का प्रयास कीजिए। जब कठिन को attend करेंगे तो सरल तो और भी आसान हो जाएगा।

मैं अपना अनुभव बताता हूं, जब मैं मुख्यमंत्री था, जब प्रधानमंत्री बना, तो मुझे भी बहुत कुछ पढ़ना पड़ता है, बहुत कुछ सीखना पड़ता है। बहुतों से सीखना पड़ता है। चीजों को समझना पड़ता है। तो मैं क्या करता था जो मुश्किल बातें होती हैं, जिसके निर्णय थोड़े गंभीर होते हैं। मैं सुबह जो शुरू करता हूं तो कठिन चीजों से शुरू करना पसंद करता हूं। मुश्किल से मुश्किल चीजें मेरे अफसर मेरे सामने लेकर आते हैं, उनको मालूम है कि वो मेरा एक अलग मूड होता है, मैं चीजों को बिलकुल तेजी से समझ लेता हूं, निर्णय करने की दिशा में आगे बढ़ता हूं। मैंने अपना एक नियम बनाया है, कोशिश की है। और जो सरल चीजें हैं दिनभर की थकान के बाद रात देर हो जाती हैं तो चलो भाई अब उनको मैं ज्यादा दिमाग खपाने की जरुरत नहीं वो गलती होने का कारण नहीं है। उन चीजों को फिर मैं देर रात तक खींच लेता हूं। लेकिन सुबह जब उठता हूं तो फिर कठिन से ही मुकाबला करने निकल पड़ता हूं।

इस वीडियो के माध्यम से आप प्रधानमंत्री मोदी के इस बयान को सुन सकते हैं… 

 

Leave a Reply