Home समाचार देखिए बजट 2020-21 से जुड़ी हर बड़ी बातें

देखिए बजट 2020-21 से जुड़ी हर बड़ी बातें

498
SHARE

वित्त और कॉरपोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को लोकसभा में इस दशक का पहला और मोदी सरकार 2.0 का दूसरा आम बजट पेश किया। निर्मला सीतारामण ने 2020-21 का बजट भाषण पढ़ते हुए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। बजट की मुख्‍य विशेषताएं इस प्रकार हैं :

टैक्स स्लैब में बड़ा सुधार, टैक्स पेयर्स को बड़ी राहत 

  • 0-5 लाख रुपये की कमाई तक कोई टैक्स नहीं देना होगा।
  • 5 से 7.5 लाख रुपये की कमाई तक 10% टैक्स देना होगा।
  • 7.5 से 10 लाख रुपये की कमाई तक 15% टैक्स देना होगा।
  • 10 से 12.5 लाख रुपये की कमाई तक 20% टैक्स देना होगा।
  • 12.5-15 लाख रुपये की कमाई तक 25% टैक्स देना होगा।
  • 15 लाख रुपये से अधिक की कमाई पर 30% टैक्स देना होगा।
  • इसमें कोई डिडक्शन शामिल नहीं होगा।
  • जो डिडक्शन लेना चाहते हैं वो पुरानी दरों से टैक्स दे सकते हैं।
  • 100 से अधिक इनकम टैक्स डिडक्शन में से करीब 70 को हटाया गया।

कॉर्पोरेट टैक्स

  • बिजली क्षेत्र में निवेश के लिए नई घरेलू कंपनियों को 15% रियायती कॉर्पोरेट टैक्स देने का प्रस्ताव।
  • विदेशी सरकारों और अन्य विदेशी निवेश की सॉवरेन धन निधि के लिए टैक्स रियायत की घोषणा।

स्टार्टअप को बढ़ावा

  • लेखापरीक्षा के लिए कुल कारोबार की उच्चतम सीमा 5 करोड़ करने का प्रस्ताव।
  • लाभ की 100% कटौती के लिए कुल कारोबार की सीमा 25 करोड़ से बढ़ाकर 100 करोड़।
  • डिविडेंट डिस्ट्रीब्यूशन टैक्स को हटाने का प्रस्ताव, कंपनियों को DDT देने की जरूरत नहीं होगी।

किसानों के लिए 16 सूत्री कार्य योजना

1. Agricultural land leasing act 2016, Produce life stock act 2017, Services facilitation 2018 को राज्य सरकारों द्वारा लागू करवाना।

2. पानी की कमी को देखते हुए 100 जिलों में पानी की व्यवस्था के लिए बड़ी योजना चलाई जाएगी, ताकि किसानों को पानी की दिक्कत ना आए।

3. पीएम कुसुम स्कीम के जरिए किसानों के पंप को सोलर पंप से जोड़ा जाएगा। इसमें 20 लाख किसानों को योजना से जोड़ा जाएगा। इसके अलावा 15 लाख किसानों के ग्रिड पंप को भी सोलर से जोड़ा जाएगा।

4. उर्वरता बढ़ाने पर फोकस रखा जाएगा और इसलिए रासायनिक खादों के इस्तेमाल को कम किया जाएगा। रासायनिक खादों का संतुलित इस्तेमाल करने को लेकर जानकारी दी जाएगी।

5. देश में मौजूद वेयरहाउस, कोल्ड स्टोरेज को नाबार्ड अपने तहत लेगा और नए तरीके से इसे विकसित किया जाएगा। देश में और भी वेयरहाउस, कोल्ड स्टोरेज बनाए जाएंगे। इसके लिए PPP मॉडल अपनाया जाएगा।

6. महिला किसानों के लिए धन्य लक्ष्मी योजना का ऐलान किया गया, जिसके तहत बीज से जुड़ी योजनाओं में महिलाओं को मुख्य रूप से जोड़ा जाएगा।

7. दूध, मांस, मछली समेत जल्द खराब होने वाली चीजों को खराब होने से बचाने के लिए वातानुकुलित ‘किसान रेल’ कोच चलाए जाएंगे।

8. कृषि उड़ान योजना को शुरू किया जाएगा। इंटरनेशनल, नेशनल रूट पर इस योजना को शुरू किया जाएगा।

9. बागवानी क्षेत्र में किसानों के लिए जिला स्तर पर योजना लाई जाएगी। बागवानी क्षेत्र में 311 मिलियन मीट्रिक टन की वर्तमान में पैदावार है और अब इसके बेहतर विपणन निर्यात के लिए एक उत्पाद एक जिले की व्यवस्था होगी।

10. एकीकृत कृषि प्रणाली मधुमक्खी पालन पर जोर होगा।

11. किसान क्रेडिट कार्ड योजना को 2021 के लिए बढ़ाया जाएगा।

12. दूध के प्रोडक्शन को दोगुना करने के लिए सरकार की ओर से योजना चलाई जाएगी। 2025 तक दुग्ध उत्पादन दोगुना (108 मिलियन मैट्रिक टन) करने का लक्ष्य।

13. मनरेगा के तहत चारागार को जोड़ दिया जाएगा।

14. ब्लू इकॉनोमी के जरिए मछली पालन को बढ़ावा दिया जाएगा। फिश प्रोसेसिंग को बढ़ावा दिया जाएगा।

15. युवा और मत्स्य विस्तार पर भी काम किया जाएगा। 3077 सागर मित्र बनाए जाएंगे। तटवर्ती इलाकों के युवाओं को रोजगार मिलेगा।

16. किसानों को दी जाने वाली मदद को दीन दयाल योजना के तहत बढ़ाया जाएगा। जीरो बजट नेचुरल फार्मिंग को भी मजबूत कर किसानों को प्रेरित करेंगे।

 कृषि ऋण

  • 2020-21 के लिए 15 लाख करोड़ रुपये का लक्ष्‍य तय।
  • पीएम-किसान लाभार्थियों को केसीसी योजना के तहत लाने का प्रस्‍ताव।
  • नाबार्ड की पुनर्वित्‍त योजना को और विस्‍तार देना।

नीली अर्थव्‍यवस्‍था

  • 2024-25 तक मत्‍स्‍य निर्यात को एक लाख करोड़ रुपये तक पहुंचाना।
  • 2022-23 तक देश में 200 लाख टन मत्‍स्‍य उत्‍पाद का लक्ष्‍य।
  • 3,477 मित्रों और 500 मत्‍स्‍य पालन कृ‍षक संगठनों द्वारा युवाओं को मत्‍स्‍य पालन क्षेत्र से जोड़ना।
  • शैवालों और समुद्री खरपतवारों की खेती तथा केज कल्‍चर को प्रोत्‍साहित करना।
  • समुद्री मत्‍स्‍य संसाधनों के विकास प्रबंधन और संरक्षण के लिए फ्रेमवर्क तेयार करना।

किसान रेल

  • सार्वजनिक और निजी भागीदारी के माध्‍यम से भारतीय रेल द्वारा किसान रेल सेवा शुरू करने का प्रस्‍ताव।
  • दूध, मांस और मछली आदि जैसे जल्‍दी खराब होने वाले उत्‍पादों के लिए बाधा रहित राष्‍ट्रीय प्रशीतन आपूर्ति श्रृंखला बनाने का प्रस्‍ताव।
  • एक्‍सप्रेस और मालगाडि़यों में प्रशीतन डिब्‍बे लगाने का प्रस्‍ताव।

 कृषि उड़ान योजना की शुरूआत 

  • राष्‍ट्रीय और अंतर्राष्‍ट्रीय दोनों हवाई मार्गों पर इस सेवा का संचालन।
  • पूर्वोत्‍तर ओर जनजातीय क्षेत्रों के जिलों को कृषि उत्‍पादों का बेहतर मूल्‍य मिलना।

बागवानी क्षेत्र में ‘एक उत्‍पाद, एक जिला’ की नीति

  • सभी तरह के पारम्‍परिक जैविक और नवोन्‍मेषी उवर्रकों का संतुलित इस्‍तेमाल।
  • जैविक, प्राकृतिक और एकीकृ‍त खेती को बढ़ावा।
  • जैविक खेती पोर्टल- जैविक उत्‍पादों के ऑनलाइन राष्‍ट्रीय बाजार को मजबूत बनाना।
  • जीरो बजट प्राकृतिक खेती- (जैसा कि जुलाई 2019 के बजट में दर्शाया गया) को शामिल करना।
  • सिंचाई के लिए वर्षा, जल आधारित क्षेत्रों में एकीकृत खेती प्रणाली का विस्‍तार।
  • गैर फसल मौसम में बहुस्‍तरीय फसल, मधुमक्‍खी पालन, सौर-पंपों तथा सौर ऊर्जा उत्‍पादन को बढ़ावा देना।

पीएम-कुसुम का विस्‍तार

  • योजना के तहत 20 लाख किसानों को सौर ऊर्जा पंप लगाने में मदद।
  • अतिरिक्‍त 15 लाख किसानों को ग्रिड से जुड़े पंप सैटों को सौर ऊर्जा चलित बनाने में मदद करना।
  • किसानों को अपनी प्रति या खाली जमीन पर सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने में मदद की योजना।

पशुधन

  • दूध प्रसंस्‍करण क्षमता को वर्ष 2025 तक 53.5 मिलियन एमटी से दोगुना कर 108 मिलियन एमटी के स्‍तर पर पहुंचाया जाएगा।
  • कृत्रिम गर्भाधान की कवरेज को मौजूदा 30 प्रतिशत से बढ़ाकर 70 प्रतिशत किया जाएगा।
  • चारागाह को विकसित करने के लिए मनेरगा का संयोजन किया जाएगा।
  • मवेशियों के खुर एवं मुंह में होने वाली बीमारी (एफएमडी) तथा ब्रूसेलोसिस और भेड़ व बकरियों में पेस्‍टे डेस पेटिस रुमिनेंट (पीपीआर) को वर्ष 2025 तक समाप्‍त किया जाएगा।

स्वास्थ्य सुविधाओं पर जोर

  • स्वास्थ्य सेक्टर के लिए 69 हजार करोड़ रुपए का आवंटन किया गया है।
  • फिट इंडिया आंदोलन को बढ़ावा देने के लिए सरकार बड़ा एक्शन ले रही है।
  • आयुष्मान भारत योजना में अस्पतालों की संख्या को बढ़ाया जाएगा। 
  • इंद्रधनुष मिशन का विस्तार किया जाएगा।
  • मेडिकल डिवाइस पर जो भी टैक्स मिलता है, उसका इस्तेमाल मेडिकल सुविधाओं को बढ़ावा देने के लिए किया जाएगा।
  • टीबी के खिलाफ देश में अभियान शुरू किया जाएगा, ‘टीबी हारेगा, देश जीतेगा’।  
  • सरकार की ओर से देश को 2025 तक टीबी मुक्त करने की कोशिश है।
  • 2022 तक हर जिले में जन औषधि केंद्र बनाए जाएंगे।  
  • जेनेटिक मैपिंग से संबंधित राष्ट्रीय स्तर पर दो स्कीम शुरू किए जाएंगे।

जल जीवन मिशन के लिए 3.60 लाख करोड़ रुपये मंजूर 

  • वित्‍त वर्ष 2020-21 के लिए 11,500 करोड़ रुपये
  • स्‍थानीय जल स्रोतों की संख्‍या बढ़ाना, मौजूदा जल स्रोतों का पुनर्भरण और जल संचय तथा खारेपन को दूर करने को प्रौत्‍साहन देना।
  • 10 लाख से अधिक की आबादी वाले शहरों को चालू वित्‍त वर्ष के दौरान ही इस लक्ष्‍य की प्राप्ति के लिए प्रोत्‍साहित किया जाएगा।

स्‍वच्‍छ भारत मिशन

  • वर्ष 2020-21 में स्‍वच्‍छ भारत मिशन के लिए 12,300 करोड़ रुपये का आवंटन।
  • ओडीएफ से जुड़ी प्रवृत्ति को बनाए रखने के लिए ‘ओडीएफ-प्‍लस’ के लिए प्रतिबद्धता।
  • ठोस अपशिष्‍ट के संग्रह, स्रोत पर ही अपशिष्‍ट को अलग-अलग करना एवं प्रोसेसिंग पर भी फोकस किया गया है।

शिक्षा क्षेत्र के लिए बड़ी घोषणाएं

  • सरकार जल्द नई शिक्षा नीति की घोषणा करेगी।
  • ऑनलाइन डिग्री लेवल प्रोग्राम चलाए जाएंगे।
  • गरीब बच्चों को ऑनलाइन शिक्षा दी जाएगी।
  • शिक्षा के लिए 99,300 करोड़ रुपए का आवंटन किया गया है। 
  • देश के हर जिले में मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे।
  • डॉक्टरों के लिए एक ब्रिज प्रोग्राम शुरू किया जाएगाष
  • युवा इंजीनियर्स को इंटर्नशिप की सुविधा दी जाएगी।
  • दुनिया के छात्रों को भारत में पढ़ने के लिए सुविधाएं दी जाएंगी।
  • भारत के छात्रों को भी एशिया, अफ्रीका के देशों में भेजा जाएगा।
  • करीब 3000 करोड़ रुपए कौशल विकास योजना के लिए दिए जाएंगे।
  • राष्ट्रीय पुलिस विश्वविद्यालय और राष्ट्रीय न्यायिक विज्ञान विश्वविद्यालय बनाने का प्रस्ताव।

मैन्युफैक्चरिंग हब बनेगा देश

  • हर जिले में एक्सपोर्ट हब बनाने के लिए निर्विक योजना के तहत लोगों को लोन दिया जाएगा।
  • मोदी सरकार ने अगले 5 साल में 100 लाख करोड़ रुपये का निवेश करने का लक्ष्य रखा है।  
  • निवेश करने वालों की मदद के लिए इन्वेस्टमेंट क्लियरंस सेल का गठन किया जाएगा।
  • मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चर को बढ़ावा देने के लिए विशेष सहायता दी जाएगी।

इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र में बड़ा निवेश

  • ट्रांसपोर्ट क्षेत्र में 1.70 लाख करोड़ रुपये का निवेश होगा।
  • रेलवे स्टेशन, हवाई अड्डे, बस स्टेशन, लॉजिस्टिक सेंटर्स बनाए जाएंगे।
  • स्टार्टअप में युवाओं को जोड़ने पर जोर दिया गया है।
  • 6000 किमी. वाले हाइवे को मॉनिटाइज किया जाएगा।
  • देश में 2024 तक 100 नए हवाई अड्डे बनाए जाएंगे।
  • तेजस ट्रेनों की संख्या बढ़ाकर टूरिस्ट जगहों को जोड़ा जाएगा।
  • जल विकास मार्ग को बढ़ाकर असम तक बढ़ाने की योजना है।
  • 550 रेलवे स्टोशनों पर वाई-फाई सुविधा दी जाएगी।  
  • 27 हजार किलोमीटर रेलवे ट्रैक का विद्युतीकरण किया जाएगा।
  • रेलवे की जमीन पर सौर ऊर्जा प्लांट लगाए जाएंगे।
  • पीपीपी मोड में 150 ट्रेनें चलायी जाएंगी।
  • 148 किलोमीटर बेंगलूरू ऊपनगरीय ट्रेन सिस्टम बनेगा।
  • 9000 किमी इकॉनमिक कॉरिडोर बनेगा।
  • 2000 किमी स्ट्रेटेजिक हाईवे, 2500 किमी एक्सप्रेस हाईवे  बनेगा।
  • एक लाख ग्राम पंचायतों को ऑप्टिकल फाइबर से जोड़ा जाएगा।
  • भारतनेट के तहत 6000 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है।

बिजली क्षेत्र

  • अक्षय ऊर्जा के लिए 22 हजार करोड़ रुपए का प्रस्ताव है।
  • तीन साल के अंदर पुराने मीटर की जगह स्मॉर्ट मीटर लगेंगे।
  • स्मार्ट मीटर से सप्लायर और रेट चुनने का विकल्प होगा।
  • बिजली के लिए प्रीपेड मीटर की व्यवस्था होगी।
  • राष्ट्रीय गैस ग्रिड को बढ़ाकर 27 हजार किमी तक किया जाएगा।

सामाजिक कल्याण 

  • अनुसूचित जाति और अन्य पिछड़े वर्गों के कल्याण हेतु वर्ष 2020-21 के लिए 85,000 करोड़ रुपये का प्रस्ताव दिया गया।
  • अनुसूचित जाति के आगामी विकास और कल्याण के लिए 53,700 करोड़ रुपये प्रदान किए गए।
  • वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगजनों के लिए वर्ष 2020-21 हेतु 9,500 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया।

संस्कृति और पर्यटन

  • पर्यटन संवर्द्धन के लिए वर्ष 2020-21 हेतु 2,500 करोड़ रुपये का आवंटन।
  • वर्ष 2020-21 के लिए संस्कृति मंत्रालय हेतु 3,150 करोड़ रुपये का प्रस्ताव दिया गया।
  • संस्कृति मंत्रालय के अंतर्गत भारतीय धरोहर और संरक्षण संस्थान स्थापित करने का प्रस्ताव किया गया। इसे प्रारंभ में मानद विश्वविद्यालय का दर्जा भी प्राप्त होगा।
  • स्थानिक संग्रहालय वाले प्रतिमान स्थलों के रूप में पांच पुरातत्व स्थलों का विकास किया जाएगा।
  • प्रधानमंत्री द्वारा जनवरी 2020 में कोलकाता के भारतीय संग्रहालय के पुनरूद्धार की घोषणा की गई।
  • कोलकाता में ऐतिहासिक पुराने टक्साल भवन में मुद्रा-विषयक और व्यापार पर एक संग्रहालय भी स्थित होगा।
  • पूरे देश में चार और संग्रहालयों का नवीनीकरण और रीक्यूरेशन किया जाएगा।
  • झारखंड के रांची में एक जनजातीय संग्रहालय की स्थापना के लिए सहयोग।
  • अहमदाबाद के निकट हड़प्पा युग के नौवहन स्थल – लोथल में पोत परिवहन मंत्रालय द्वारा एक पोत संग्रहालय की स्थापना की जाएगी।
  • राज्य सरकारों के द्वारा कुछ चिन्हित स्थानों के लिए एक योजना तैयार किए जाने की उम्मीद है। 2021 के दौरान वित्तीय योजना तैयार की जाएगी, जिसके तहत 2020-21 में राज्यों को विशिष्ट अनुदान उपलब्ध कराया जाएगा।

पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन

  • वर्ष 2020-21 के लिए इस उद्देश्य हेतु 4,400 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया।
  • अत्यधिक मात्रा में कार्बन उत्सर्जन करने वाले विद्युत संयंत्रों के लिए निर्धारित मानकों के अनुरूप उन्हें चलाने और उनके लिए खाली भूमि का वैकल्पिक उपयोग करने का प्रावधान।
  • 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले बड़े नगरों में स्वच्छ हवा सुनिश्चित करने के लिए राज्यों के द्वारा बनाई जा रही योजनाओं को कार्यान्वित करते हुए प्रोत्साहन दिया जाएगा।
  • प्रधानमंत्री ने दिल्ली सचिवालय के साथ आपदा उन्मोचन अवसंरचना सम्मेलन (सीडीआरआई) का शुभारंभ किया। अंतर्राष्ट्रीय सौर सहयोग के प्रारंभ के बाद यह दूसरी अंतर्राष्ट्रीय पहल है।

कर शासन में निष्पक्षता और कुशलता

  • निष्पक्ष, भ्रष्टाचार मुक्त, नीति संचालित, सही इरादे और सर्वाधिक महत्वपूर्ण निष्ठा में विश्वास।
  • कर शासन में निष्पक्षता और कुशलता लाने के लिए करदाता चार्टर का गठन किया जाएगा।
  • विधानों में कार्यों के लिए सिविल प्रकृति की आपराधिक जिम्मेदारी को ठीक करने के लिए कंपनी अधिनियम में संशोधन किया जाएगा।

जम्मू-कश्मीर और लद्दाख

  • नवगठित संघ राज्य क्षेत्रों के लिए 2020-21 में 30,757 करोड़ का आवंटन।
  • लद्दाख संघ राज्य क्षेत्र के लिए 5,958 करोड़ की राशि आवंटित। 

पूर्वोत्तर क्षेत्र का विकास

  • सरकार द्वारा ऑनलाइन पोर्टल के इस्तेमाल से धन के अंतरण में सुधार।
  • बहुपक्षीय एवं द्विपक्षीय वित्त पोषण एजेंसियों की वित्तीय सहायता के लिए पहुंच में सुधार।

डिपॉजिट इंश्योरेंस कवरेज

  • बैंकों में पैसा जमा कराने वालों के लिए इंश्योरेंस कवर 1 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दिया गया है।
  • अगर बैंक डूबता है तो आपकी 5 लाख रुपये तक की जमा रकम सरकार वापस करेगी।
  • सिडबी बैंक के साथ एक्जिम बैंक द्वारा एक हजार करोड़ रुपये की स्कीम शुरू की जाएगी।
  • नॉन बैंकिंग फाइनैंस कंपनियों और हाउसिंग फाइनैंस कंपनियों को पैसे की कमी नहीं होगी। सरकार इन्हें सपोर्ट करेगी।

व्‍यापार नीति के उपाय

  • एफटीए के तह‍त आयात की उचित जांच के लिए सीमा शुल्‍क अधिनियम में संशोधन।
  • कुछ संवेदनशील वस्‍तुओं के लिए मूल उद्गम की आवश्‍यकताओं संबंधी नियमावली की समीक्षा होगी।
  • आयात में वृद्धि को एक व्‍यवस्थित तरीके से विनियमित करने के लिए सेफगार्ड ड्यूटी संबंधी प्रावधान।
  • वस्‍तुओं की डंपिंग को रोकने और सब्सिडीयुक्‍त वस्‍तुओं के आयात पर लगाम लगाने के लिए प्रावधानों को सुदृढ़ किया जाएगा।
  • क्राउड सोर्सिंग के लिए सीमा शुल्‍क से छूट की समीक्षा का सुझाव।
  • सिगरेट एवं अन्‍य तम्‍बाकू उत्‍पादों पर उत्‍पाद शुल्‍क बढ़ाने का प्रस्‍ताव, बीडी पर शुल्‍क दरों में कोई बदलाव नहीं।
  • कपड़ा क्षेत्र को लाभ देने के लिए पीटीए पर डंपिंगरोधी शुल्‍क खत्‍म।

सीमा शुल्‍क

  • सीमा शुल्‍क को फुटवियर पर 25% से बढ़ाकर 35% करने और फर्निचर वस्‍तुओं पर 20% से बढ़ाकर 25% करने का प्रावधान।
  • न्‍यूज प्रिंट और हल्‍के कोटेड पेपर के आयात पर बुनियादी आयात शुल्‍क को 10% से घटाकर 5% किया गया।
  • इलेक्ट्रिक वाहन और मोबाइल के पुर्जों पर सीमा शुल्‍क की दरों में संशोधन।
  • चिकित्‍सा उपकरणों के आयात पर 5% स्‍वास्‍थ्‍य उपकर जो बीसीडी से छूट से अतिरिक्‍त होगा।
  • फ्यूज, रसायन और प्‍लास्टिक जैसे कच्‍चे माल पर सीमा शुल्‍क में कटौती।
  • वाहनों के कलपूर्जे, रसायन आदि कुछ वस्‍तुएं जिनका घरेलू उत्‍पादन भी होता है, पर सीमा शुल्‍क में वृद्धि ।                                      

भारतीय अर्थव्‍यवस्‍था की उपलब्धियां

  • भारत और विश्‍व की पांचवीं सबसे बड़ी अर्थव्‍यवस्‍था है।
  • वर्ष 2014 से 2019 के दौरान करीब 4.5% की औसत मुद्रास्‍फीति के साथ 7.4% की औसत वृद्धि रही।
  • वर्ष 2006 से 2016 के दौरान 27.1 करोड़ लोगों को गरीबी रेखा से बाहर लाया गया।
  • भारत का प्रत्‍यक्ष विदेशी निवेश 2014-19 के दौरान बढ़कर 284 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंचा, जो वर्ष 2009-14 के दौरान 190 अरब अमेरिकी डॉलर रहा था।
  • केंद्र सरकार का ऋण घटकर जीडीपी के 48.7% (मार्च 2019) पर, जो मार्च 2014 में 52.2% था।
      

Leave a Reply