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बीते करीब सात दशकों में हमारे शहर समग्र विकास से वंचित रहे, जिससे गरीब पीछे छूटे, अब सिर्फ दिल्ली में ही गरीबों पर ढाई हजार करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च-पीएम मोदी

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प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि बीते सात दशकों में हमारे शहर समग्र विकास से वंचित रहे, जिससे शहरी गरीब पीछे छूट गए। यही वजह है कि शहरों में एक ओर ऊंची-ऊंची भव्य इमारतें और चमक-दमक होती है, उसी के बगल में झुग्गी झोपड़ियों में बदहाली दिखाई देती है। एक ओर शहर में कुछ इलाकों को पॉश कहा जाता है, तो दूसरी ओर कई इलाकों में लोग जीवन की मौलिक जरूरतों के लिए तरसते रहे हैं। जब एक ही शहर में इतनी असमानता हो, इतना भेदभाव हो, तो समग्र विकास की कल्पना कैसे की जा सकती है। आज़ादी के अमृतकाल में हमें इस खाई को पाटना ही होगा। केंद्र की सरकार इसी दिशा में पूरे समर्पण के साथ काम कर रही है। गरीबों-शोषितों-वंचितों का उत्थान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में से एक है।

देश सबका साथ-सबका विकास के मंत्र पर चलकर कर रहा है सबका उत्थान
प्रधानमंत्री मोदी ने नई दिल्ली के कालका जी में हजारों गरीबों को ईडब्लूएस फ्लैटों की चाबी सौंपने के बाद कहा कि दिल्ली जैसे बड़े शहरों में हम जो विकास देखते हैं, बड़े सपने और ऊँचाइयाँ देखते हैं, उसकी नींव में हमारे गरीब भाइयों-बहनों की ये मेहनत और त्याग ही होता है। लेकिन दुर्भाग्य से सच्चाई ये भी है कि शहरों के विकास में जिन गरीबों का खून पसीना लगता है, वो उसी शहर में बदहाली की जिंदगी जीने को मजबूर होते रहे हैं। जब निर्माण करने वाला ही पीछे रह जाता है, तो निर्माण भी अधूरा रह जाता है। हमारे शहरी गरीब holistic development से वंचित रह जाते हैं। इसलिए ही आज देश ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ के मंत्र पर चलकर सबके उत्थान के लिए प्रयास कर रहा है।

पहले गरीबी केवल गरीब की समस्या, आज देश की नीतियों के केंद्र में गरीब
पीएम मोदी ने कहा कि दिल्ली की झुग्गी-झोपड़ी में रहने वाले गरीबों को मिले इन फ्लैट्स में लिविंग रूम, बेडरूम, किचन और बाथरूम के साथ ही एक हवादार बालकनी भी है। अभी तो ये शुरुआत है। गरीबों के पुनर्वास के लिए बड़े पैमाने पर काम हो रहा है। उन्होंने कहा कि दशकों तक देश में जो व्यवस्था रही, उसमें ये सोच बन गई थी कि गरीबी केवल गरीब की समस्या है। लेकिन आज देश में जो सरकार है, वो गरीब की सरकार है इसलिए वो गरीब को अपने हाल पर नहीं छोड़ सकती। इसीलिए आज देश की नीतियों के केंद्र में गरीब है। आज देश के निर्णयों के केंद्र में गरीब है। विशेषकर शहर में रहने वाले गरीब भाई-बहनों पर भी हमारी सरकार उतना ही ध्यान दे रही है।‘वन नेशन, वन राशन कार्ड’ की व्यवस्था ने करोड़ों प्रवासी श्रमिकों का जीवन आसान बनाया
प्रधानमंत्री ने कहा कि हमारे गरीब साथियों को एक बड़ी दिक्कत राशन कार्ड से जुड़ी अव्यवस्थाओं से भी होती थी। हमने ‘वन नेशन, वन राशन कार्ड’ की व्यवस्था करके दिल्ली के लाखों गरीबों का जीवन आसान बनाया है। उन्होंने कहा कि हमारे जो प्रवासी श्रमिक दूसरे राज्यों से काम करने आते हैं, पहले उनका राशन कार्ड यहां बेकार हो जाता था, कागज का एक टुकड़ा बनकर रह जाता था। इससे उनके लिए राशन की समस्या खड़ी हो जाती थी। ‘वन नेशन, वन राशन कार्ड’ के जरिए इस चिंता से भी मुक्ति मिल रही है। इस योजना का लाभ कोरोना वैश्विक महामारी के समय दिल्ली के गरीबों ने भी उठाया है। इस वैश्विक संकट के समय में दिल्ली के लाखों गरीबों को केंद्र सरकार पिछले दो साल से मुफ्त राशन भी दे रही है। इस पर सिर्फ दिल्ली में ही केंद्र सरकार द्वारा ढाई हजार करोड़ रुपए से अधिक खर्च किए गए हैं। हमने इसके प्रचार-प्रसार पर पानी की तरह पैसे नहीं बहाए, क्योंकि हम गरीब की जिंदगी में वास्तविक बदलाव लाने के लिए जीते हैं।

पीएम ने बिजली-पानी की बर्बादी रोकने और कालोनियों को स्वच्छ-सुंदर बनाने का किया आग्रह
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन के अंत में कहा कि हमारे जो गरीब भाई-बहन अपने नए फ्लैट में जीवन की नई शुरुआत करने जा रहे हैं, तो मैं उनसे कुछ विशेष आग्रह भी करना चाहता हूं। आज भारत सरकार करोड़ों की संख्या में गरीबों के लिए पक्के घर बना रही है, घर में नल से जल दे रही है, बिजली का कनेक्शन दे रही है। हमारी माताओं-बहनों को बिना धुएँ के खाना बनाने की सहूलियत मिले, इसके लिए उज्जवला सिलेंडर भी मिल रहा है। इन सुविधाओं के बीच, हमें ये भी ध्यान रखना है कि घर में LED बल्ब ही इस्तेमाल किया जाए। कॉलोनी में कहीं पानी की बर्बादी भी नहीं होनी चाहिए। एक-एक बूंद सहेजी जानी चाहिए। इसी तरह, सबसे जरूरी है कि पूरी कॉलोनी स्वच्छ और सुंदर रहे। झुग्गियों के बारे में इतने दशकों से जो धारणा बनाकर रखी गई थी, झुग्गियों को जिस तरह गंदगी से जोड़ा जाता था, हमें उसे गलत साबित करना है। मुझे विश्वास है, सभी लोग दिल्ली और देश के विकास में इसी तरह अग्रणी भूमिका निभाते रहेंगे।

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