केरल की धरती पर कदम रखते ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य की सियासत में बड़े बदलाव का बिगुल फूंक दिया है। आज 23 जनवरी 2026 तो तिरुवनंतपुरम में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि केरल में अब नई ऊर्जा और नई उम्मीद दिख रही है। उन्होंने कहा कि जिस तरह कभी गुजरात में बीजेपी हाशिए पर थी और एक नगर निगम की जीत ने वहां की किस्मत बदल दी, वैसी ही शुरुआत अब तिरुवनंतपुरम से हो चुकी है।
केरल और तिरुवनंतपुरम की जनता के चरणों में प्रधानसेवक का नमन…🙏🏻 pic.twitter.com/2rIb56KSte
— BJP (@BJP4India) January 23, 2026
पीएम मोदी ने तिरुवनंतपुरम नगर निगम में बीजेपी की जीत को ऐतिहासिक बताते हुए इसे ‘विकसित केरल’ की नींव करार दिया। उन्होंने कहा कि यह जीत साधारण नहीं है, बल्कि गुड गवर्नेंस और भ्रष्टाचार मुक्त शासन के प्रति जनता के भरोसे की जीत है। पीएम ने वादा किया कि अब तिरुवनंतपुरम को देश की ‘मॉडल सिटी’ बनाया जाएगा।
This one will go down in history.
PM Modi’s first visit to Thiruvananthapuram after BJP’s big breakthrough win in the mayoral election.
Warm meeting with the newly elected Mayor and team. pic.twitter.com/PYl2jRnRHd
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प्रधानमंत्री ने केरल की राजनीति के दो धुरंधरों एलडीएफ (LDF) और यूडीएफ (UDF) पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ये दोनों दल भले ही अलग-अलग झंडे लेकर चलते हों, लेकिन इनका एजेंडा एक ही है: ‘फुल करप्शन और जीरो जवाबदेही’। पीएम मोदी ने आरोप लगाया कि इन दोनों ने बारी-बारी से केरल को लूटने का काम किया है।
Both the LDF and UDF have, in various ways, driven Kerala into a cycle of corruption, mismanagement, and appeasement politics.
Though they may use different flags and symbols, their underlying political approach and agendas are virtually identical: rampant corruption, a lack of… pic.twitter.com/nPquPrhTmh
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उन्होंने केरल की जनता को याद दिलाया कि कैसे त्रिपुरा में 30 साल पुरानी लेफ्ट सरकार को उखाड़ फेंका गया और अब वहां भाजपा विकास कर रही है। बंगाल का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि वहां भी लेफ्ट को अब उम्मीदवार तक नहीं मिल रहे। पीएम ने कहा कि केरल में पांच-पांच साल का जो ‘मैच फिक्सिंग’ का खेल चल रहा है, उसे अब तोड़ना ही होगा।

विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि एलडीएफ सरकार जानबूझकर केंद्र की गरीब कल्याणकारी योजनाओं को केरल में रोक रही है। उन्होंने कहा कि चाहे पीएम आवास योजना हो या नल से जल की स्कीम, राज्य सरकार गरीबों तक लाभ नहीं पहुंचने दे रही है। पीएम ने कहा कि यह सरकार नहीं चाहती कि गरीब के बच्चे आधुनिक स्कूलों में पढ़ें।

मछुआरों और किसानों का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि 2014 से पहले कांग्रेस और लेफ्ट की मिलीभगत से दिल्ली की सरकार चलती थी, जिसने केरल के तटवर्ती इलाकों की सुध नहीं ली। उन्होंने बताया कि ‘पीएम किसान निधि’ के तहत 13 हजार करोड़ रुपये सीधे केरल के किसानों के खाते में भेजे गए हैं, जिसे अब कोई बिचौलिया नहीं लूट सकता।

इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि बीजेपी केवल घोषणाएं नहीं करती, बल्कि काम जमीन पर उतारती है। उन्होंने विझिंजम पोर्ट की सफलता का जिक्र किया, जिसने महज 6 महीनों में लाखों कंटेनर्स को हैंडल कर रोजगार के नए अवसर पैदा किए हैं। उन्होंने केरल के रेल नेटवर्क के विद्युतीकरण और वंदे भारत ट्रेनों को बीजेपी की विकासवादी सोच का हिस्सा बताया।

पीएम मोदी ने आस्था के मुद्दे पर भी राज्य सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने सबरीमला मंदिर की परंपराओं को नुकसान पहुंचाने और वहां से सोने की चोरी की खबरों पर गहरी चिंता जताई। उन्होंने गारंटी दी कि बीजेपी सरकार आते ही इसकी जांच होगी। साथ ही, को-ऑपरेटिव बैंक घोटाले के दोषियों से गरीबों का एक-एक रुपया वसूलने का वादा किया।

कांग्रेस पर हमला बोलते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने उसे ‘मुस्लिम लीगी माओवादी कांग्रेस’ (MMC) का नया नाम दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस आज माओवादियों से ज्यादा कम्युनिस्ट और मुस्लिम लीग से ज्यादा सांप्रदायिक हो गई है। पीएम ने लोगों को आगाह किया कि कांग्रेस केरल को अपनी प्रयोगशाला बनाकर कट्टरपंथ को बढ़ावा दे रही है, जिससे राज्य को बचाना जरूरी है।

अपने संबोधन के समापन पर पीएम मोदी ने केरल की युवा शक्ति से आह्वान किया कि वे विकसित भारत के संकल्प के साथ जुड़ें। उन्होंने कहा कि 21वीं सदी के पहले 25 साल बीत चुके हैं, और अगले 25 सालों में केरल को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए भाजपा को एक मजबूत जनादेश चाहिए। उन्होंने नारा दिया— “Now is the time for विकसित केरलम!”









