Home समाचार टोक्यो पैरालिंपिक में भारत के लिए ऐतिहासिक दिन,मनीष नरवाल ने जीता गोल्ड...

टोक्यो पैरालिंपिक में भारत के लिए ऐतिहासिक दिन,मनीष नरवाल ने जीता गोल्ड तो सिंघराज ने सिल्वर मेडल, पीएम मोदी ने दोनों को दी बधाई, मेडलों की संख्या पहुंची 3 गोल्ड सहित 15

539
SHARE

टोक्यो पैरालिंपिक में भारतीय ऐथलीटों का शानदार प्रदर्शन जारी है। शूटर मनीष नरवाल और सिंघराज ने मिक्स्ड 50 मीटर पिस्टल SH1 इवेंट में मेडल जीतते हुए इतिहास रचा। मनीष ने जहां गोल्ड मेडल पर निशाना साधा तो सिंघराज दूसरे नंबर पर रहे। यानि उन्होंने सिल्वर मेडल जीता। इस तरह भारत के नाम टूर्नामेंट में अब कुल 15 मेडल हो गए हैं।

मनीष नरवाल ने 218.2 का स्कोर कर गोल्ड पर कब्जा किया, वहीं सिंघराज 216.7 के स्कोर के साथ सिल्वर जीतने में कामयाब रहे। ये दोनों ही शूटर हरियाणा के फरीदाबाद शहर के ही रहने वाले हैं। क्वालिफिकेशन दौर में मनीष सातवें नंबर पर रहे थे। जबकि सिंघराज चौथे नंबर पर थे।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दो अलग-अलग ट्वीट कर मनीष नरवाल और सिंघराज को उनकी शानदार सफलता पर बधाई दी। उन्होंने दोनों खिलाड़ियों की तारीफ करते हुए कहा कि भारतीय खेलों के लिए यह खास पल है। प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट किया, ‘‘टोक्यो पैरालम्पिक से गौरवशाली क्षण लगातार आ रहे हैं। युवा और प्रतिभाशाली मनीष नरवाल की महान उपलब्धि। उनका स्वर्ण पदक जीतना भारतीय खेलों के लिए एक खास क्षण है। उन्हें बधाई। भविष्य के लिए शुभकामनाएं।’’

प्रधानमंत्री मोदी ने सिंघराज अडाना को ट्वीट कर बधाई दी। उन्होंने कहा, ‘‘ सिंघराज अडाना ने दोबारा कर दिखाया। उन्होंने एक और पदक जीता, इस बार मिश्रित 50 मीटर पिस्टल एसएच1 स्पर्धा में। उनके इस कारनामे से भारत खुश है। भविष्य के लिए उन्हें शुभकामनाएं।’’

प्रधानमंत्री मोदी ने नरवाल और अडाना को ट्वीट के अलावा फोन करके भी बधाई दी। दोनों खिलाड़ियों ने प्रधानमंत्री मोदी के पैरा-एथलीटों का लगातार प्रोत्साहन करने के लिए उनकी सराहना की और समर्थन करने के लिए आभार जताया।

मनीष के गोल्ड जीतने के साथ ही टोक्यो पैरालंपिक में भारत के गोल्ड मेडलों की संख्या अब 3 हो गई है। मनीष से पहले अवनि लखेरा और सुमित अंतिल ने भारत को स्वर्ण पदक दिलाया था। भारत का ये पैरालंपिक खेलों में अबतक का सबसे शानदार प्रदर्शन है। भारत के नाम अबतक कुल 3 गोल्ड 7 सिल्वर और 5 ब्रॉन्ज मेडल हो चुके हैं।

Leave a Reply