Home नरेंद्र मोदी विशेष दिव्यांगों को लेकर समाज का एक चरित्र विकसित होना चाहिए-प्रधानमंत्री

दिव्यांगों को लेकर समाज का एक चरित्र विकसित होना चाहिए-प्रधानमंत्री

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजकोट दौरे पर विशेष कवरेज

395
SHARE

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के राजकोट में रोड शो किया जिसमें भारी भीड़ उमड़ी। विशाल रोड शो के बाद उन्होंने सामाजिक अधिकारिता शिविर कार्यक्रम में हिस्सा लिया और  दिव्यांगों के बीच आवश्यक उपकरण वितरित किए। राजकोट के रेसकोर्स में एक जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा,  ”दिव्यांग समग्र समाज, समस्त देश का दायित्व होता है। उनके लिए हम सभी के मन में संवेदनाएं होनी चाहिए।” प्रधानमंत्री ने राजकोट से शुरू हुए अपने राजनीतिक सफरनामे का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा,  ”मेरे दिल में राजकोट के लिए विशेष स्थान है, क्योंकि मुझे दिल्ली पहुंचाने में राजकोट का बड़ा योगदान है। राजकोट के प्यार से ही मेरा राजनीतिक सफर शुरू हुआ।” पीएम मोदी ने कहा कि 40 साल के बाद कोई प्रधानमंत्री राजकोट आया और किसी सरकारी कार्यक्रम में हिस्सा लिया है। 

दिव्यांगों के प्रति हो संवेदनशीलता
प्रधानमंत्री ने कहा कि हमने सरकार में आने के बाद दिव्यांग बालकों के लिए संवेदनशीलता से काम किया है। उन्होंने कहा, ”दिव्यांगों के लिए सांकेतिक भाषा हर राज्य में अलग-अलग थी। आजादी के 70 साल के बाद भी साइन लैंग्वेज हिंदुस्तान के हर राज्य में अलग-अलग थी। दिव्यांग जनों के इस भाषा में भी भेद था। इसलिए पूरे देश में दिव्यांग कहीं जाता था और कुछ समझता था तो उसे समझने के लिए कोई इंटरप्रेटर नहीं था। हमने एक कानून बनाया और देश के सभी बालकों को एक साइन लैंग्वेज सिखाया जाए, इसकी व्यवस्था थी। यह काम बहुत छोटा लगता है, लेकिन बहुत महत्वपूर्ण है। यह दुनिया के किसी भी हिस्से में दिव्यांगों का जीवन सहज बनाएगा। ” उन्होंने कहा कि  उहम दिव्यागों के लिए काम करना चाहते हैं, उनका भी विकास चाहते हैं।

3 साल में 5500 कार्यक्रम
प्रधानमंत्री ने कहा कि 1992 में दिव्यांगों के लिए बजट का प्रावधान हुआ था। लेकिन इस बजट का कोई विशेष लाभ नहीं हुआ। क्योंकि इसके बाद 1992 से 2013 तक सामाजिक आधिकारिता के अंतर्गत महज 55 कार्यक्रम हुए। उन्होंने कहा कि  2014 में हमारी सरकार बनने के बाद दिव्यांगों के लिए हमने 5500 कार्यक्रम किए हैं। हम दिव्यांगों में खुशी चाहते हैं।

गरीबों की सरकार 
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि मोदी सरकार देश के गरीबों को समर्पित सरकार है और दिव्यांग बच्चों को भी विशेष सुविधाएं मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश में करोड़ों में दिव्यांग जन हैं। लेकिन जिस परिवार में ये दिव्यांग जन्म लेता है, ज्यादतर उस परिवार के जिम्मे ही लालन-पालन होता है। उन्होंने कहा, ”मैंने  ऐसे कई परिवार देखे हैं, पहला संतान ही विकलांग है, वे परिवार ईश्वर की तरह उनका लाल-पालन करते हैं और सबकुछ न्योछावर कर देते हैं। ये स्थिति बदलनी चाहिए, समाज को इसकी जिम्मेदारी लेनी चाहिए।”  

दिव्यांगों के बारे में हर कोई सोचे
पीएम मोदी ने कहा कि हमारे समाज की सोच में बदलाव आना चाहिए, इसके लिए समाज का एक कैरेक्टर बने जिसमें दिव्यांगों के लिए भी जगह हो। उन्होंने कहा कि हम घर बनाएं तो भी, या कोई भी कार्य करें तो भी दिव्यांगों की सुविधाओं का ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार ने तय किया है कि जितनी भी इमारतें बनेंगी उनमें दिव्यांगजनों की व्यवस्था का भी ध्यान रखा जाए। 

दिव्यांगों के लिए हो इनोवेशन
पीएम मोदी ने कहा कि आज स्टार्टअप के तहत इनोवेशन को मौका दिया जा रहा है। अगर हमारे देश के युवा चाहें तो दिव्यांगों के लिए नये इनोवेशन कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि दिव्यांगों से संबंधित एक बड़ा बाजार है। ये बाजार न सिर्फ हमारे देश में है बल्कि विदेश में भी है। 

LEAVE A REPLY